Raja Bhaiya arms worship Dussehra- दसहरा के पावन अवसर पर उत्तर प्रदेश के कुंडा से विधायक रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया द्वारा किए गए शस्त्र पूजन का कार्यक्रम इस बार खूब सुर्खियां बटोर रहा है। राजा भैया ने अपने पैतृक आवास पर बड़ी संख्या में हथियारों के साथ विधिवत पूजा की, जिसका वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने लगीं। इन वीडियो में मेजों पर सैकड़ों भारतीय और विदेशी हथियारों को सजाकर मंत्रोच्चारण के साथ पूजा की जा रही है। यह परंपरा पिछले कई वर्षों से चली आ रही है, जिसमें परिवार और समर्थक शामिल होते हैं। हालांकि, इस बार इस शस्त्र पूजन ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं.
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पूर्व IPS अमिताभ ठाकुर की जांच की मांग
इस वायरल वीडियो के बाद पूर्व IPS अधिकारी और आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर ने उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक (DGP) को पत्र लिखकर इस शस्त्र पूजन की गंभीरता से जांच कराने की मांग की है। ठाकुर ने कहा है कि वीडियो में दिखाई गई भारी संख्या में हथियारों का सार्वजनिक प्रदर्शन आर्म्स एक्ट, 1959 और आर्म्स रूल्स, 1962 के उल्लंघन की आशंका पैदा करता है। वीडियो में एक स्थान पर 200 से लेकर 700 से अधिक हथियारों की नुमाइश देखी गई, जो कानूनन उचित नहीं है। ठाकुर ने यह भी कहा कि यह मामला व्यापक जांच का विषय होना चाहिए और नियमों के अंतर्गत उचित कार्रवाई की जानी चाहिए.
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राजा भैया के समर्थकों और परिवार का पक्ष
राजा भैया और उनके समर्थकों का कहना है कि यह शस्त्र पूजन एक पुरानी पारंपरिक परंपरा है जो दशहरे के मौके पर सदैव से होती रही है। उन्होंने हथियारों के वैध लाइसेंस होने की बात कही है और इसे पारिवारिक सम्मान का हिस्सा बताया है। राजा भैया ने स्वयं बयान दिया है कि जो हथियार उनके हैं वे उनके हैं, और जो समर्थकों के हैं वे भी वैध हैं। हालांकि इस विवाद ने उनके पारिवारिक रिश्तों में भी तकरार को उजागर किया है, क्योंकि उनकी पत्नी भानवी सिंह ने पहले ही अवैध हथियारों के मामले में विभिन्न आरोप लगाए थे और जांच करने का दबाव बनाया था.







